बालोद। लगातार बारिश के बाद तांदुला नगर और रेलवे कॉलोनी में जलभराव ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। तांदुला नगर में हालात इतने बिगड़ चुके हैं कि कई घरों के हर कमरे तक पानी पहुंच गया है। किचन से लेकर बेडरूम, बरामदे से लेकर बाड़ी तक पानी ही पानी नजर आ रहा है। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यही है कि प्रभावित परिवारों की रात कैसे बीतेगी।
पहले गली नंबर-3 में दिखाई दे रही जलभराव की समस्या अब पूरे तांदुला नगर में फैल गई है। कई घरों में घुटनों तक पानी भर चुका है। घरों के भीतर पानी घुसने से लोगों की दैनिक दिनचर्या पूरी तरह प्रभावित हो गई है। जरूरी सामान और घरेलू उपयोग की वस्तुओं को सुरक्षित रखने की चिंता भी लोगों को सताने लगी है।
जलभराव का असर बच्चों की पढ़ाई पर भी पड़ा है। पानी से रास्ते बाधित होने के कारण कई बच्चे स्कूल नहीं जा सके। कामकाज और अन्य जरूरी कार्यों के लिए बाहर निकलना भी मुश्किल हो गया है। लोगों का कहना है कि ऐसी स्थिति में घर से बाहर निकलना भी जोखिम भरा और बेहद कठिन हो गया है।
निकासी व्यवस्था नहीं होने से बढ़ी परेशानी
रहवासियों के अनुसार, पहले पानी की निकासी के लिए रास्ता था, लेकिन प्रीमियम शराब दुकान के कारण वह निकासी व्यवस्था बाधित हो गई। अब मोहल्ले में पानी निकालने के लिए पर्याप्त नाली या प्रभावी वैकल्पिक व्यवस्था नहीं है। यही वजह है कि बारिश का पानी घरों और गलियों में जमा होता जा रहा है।
इधर बालोद की रेलवे कॉलोनी में भी जलभराव की स्थिति गंभीर बनी हुई है। कई घरों में घुटनों तक पानी पहुंच गया है और जनजीवन पूरी तरह प्रभावित है। रहवासियों के सामने घर के भीतर पानी और बाहर जलभराव के बीच आवागमन की समस्या खड़ी हो गई है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पार्षद और नगर पालिका को कई बार आवेदन और शिकायत के माध्यम से समस्या से अवगत कराया जा चुका है, लेकिन अब तक स्थायी समाधान नहीं हुआ है। लोगों ने तत्काल पानी निकासी कराने और स्थायी ड्रेनेज व्यवस्था बनाने की मांग की है।
लगातार बिगड़ते हालात के बीच प्रभावित परिवारों के सामने सबसे बड़ी चिंता यही है कि पानी के बीच वे रात कैसे गुजारेंगे। लोगों में नाराजगी है और उनका कहना है कि यदि तत्काल राहत नहीं मिली तो वे आंदोलन और चक्काजाम जैसे कदम उठाने के लिए मजबूर होंगे।



