स्मार्ट टीवी से अध्यापन, अनुशासन और नैतिक शिक्षा पर जोर; समुदाय की सहभागिता से प्राथमिक शाला टेकापार को बनाया बेहतर सीखने का केंद्र
बालोद। शैक्षणिक नवाचार, बेहतर शैक्षिक वातावरण के निर्माण और बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए उल्लेखनीय कार्य करने वाले शासकीय प्राथमिक शाला टेकापार के प्रधान पाठक महेश कुमार सोनकर को मुख्यमंत्री गौरव अलंकरण पुरस्कार 2026 से सम्मानित किया गया। उन्हें उत्कृष्ट प्रधान पाठक प्राथमिक श्रेणी में यह सम्मान प्रदान किया गया।
13 अक्टूबर 2026 को दुर्ग के खालसा पब्लिक स्कूल में आयोजित कार्यक्रम में आयुक्त एवं संयुक्त संचालक दुर्ग द्वारा महेश कुमार सोनकर को सम्मानित किया गया। सम्मान मिलने पर शिक्षा जगत, शाला परिवार और क्षेत्र के लोगों में हर्ष का माहौल है।
शैक्षिक वातावरण निर्माण को बनाया प्राथमिकता
प्रधान पाठक महेश कुमार सोनकर ने शासकीय प्राथमिक शाला टेकापार में बच्चों के लिए बेहतर और रुचिकर शैक्षिक वातावरण तैयार करने की दिशा में लगातार कार्य किया। उनके प्रयासों में स्मार्ट टीवी के माध्यम से अध्यापन, विद्यार्थियों में अनुशासन एवं नैतिक शिक्षा का विकास तथा विद्यालय की शैक्षणिक गतिविधियों में समुदाय की सहभागिता प्रमुख रही है।
तकनीक के माध्यम से बच्चों को विषयों को अधिक सहज और रोचक ढंग से समझाने का प्रयास किया गया। साथ ही, बच्चों में अच्छे संस्कार, अनुशासन और जिम्मेदारी की भावना विकसित करने पर भी विशेष ध्यान दिया गया।
पहले भी मिल चुके हैं कई सम्मान
शिक्षा के क्षेत्र में महेश कुमार सोनकर के योगदान को इससे पहले भी विभिन्न स्तरों पर सम्मान मिल चुका है। उन्हें वर्ष 2022 में शिक्षा दूत पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। इसके बाद वर्ष 2023 में उत्कृष्ट विद्यालय पुरस्कार एवं उत्कृष्ट शिक्षक पुरस्कार भी प्राप्त हुआ।
लगातार मिल रहे इन सम्मानों को उनके शैक्षणिक कार्यों और विद्यालय के विकास के प्रति समर्पण का परिणाम माना जा रहा है।
शाला परिवार और ग्रामीणों ने दी शुभकामनाएं
मुख्यमंत्री गौरव अलंकरण पुरस्कार से सम्मानित होने पर विकासखंड शिक्षा अधिकारी, सहायक विकासखंड शिक्षा अधिकारी, संकुल प्राचार्य नेवारीकला, संकुल समन्वयक नेवारीकला, शाला स्टॉफ टेकापार, जनप्रतिनिधियों, सहपाठियों एवं ग्रामीणजनों ने महेश कुमार सोनकर को शुभकामनाएं दीं।
शुभचिंतकों ने कहा कि शिक्षकों के ऐसे प्रयास विद्यार्थियों में सीखने की रुचि बढ़ाने के साथ विद्यालय और समुदाय के बीच बेहतर संबंध स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। महेश कुमार सोनकर का सम्मान क्षेत्र के अन्य शिक्षकों के लिए भी प्रेरणादायी है।


