साइबर ठगी से लेकर चोरी तक, अपराधियों पर कसें शिकंजा; बालोद एसपी ने क्राइम मीटिंग में दिए सख्त निर्देश

Darshan Balod
0

 






महिला संबंधी अपराधों में त्वरित कार्रवाई और लंबित मामलों के समयबद्ध निराकरण पर जोर; गुम इंसानों की पतासाजी, वारंट तामीली और होटल-ढाबों के सत्यापन की भी होगी समीक्षा

बालोद। जिले में अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण, लंबित मामलों के शीघ्र निराकरण और कानून-व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए पुलिस अधीक्षक किरण गंगाराम चव्हाण के निर्देशन में 14 अक्टूबर 2026 को पुलिस कार्यालय बालोद में क्राइम मीटिंग आयोजित की गई। बैठक में जिले के समस्त राजपत्रित अधिकारियों एवं थाना प्रभारियों ने भाग लिया। इस दौरान विभिन्न थानों और शाखाओं में लंबित प्रकरणों की समीक्षा कर विवेचना में तेजी लाने तथा समय-सीमा में वैधानिक कार्रवाई पूरी करने के निर्देश दिए गए।

बैठक में साइबर ठगी, चोरी, महिला संबंधी अपराध, लंबित शिकायतों, मर्ग प्रकरणों, गुमशुदा व्यक्तियों और गिरफ्तारी वारंट सहित विभिन्न विषयों पर चर्चा की गई। पुलिस अधीक्षक ने अधिकारियों को अपराधों की गंभीरता के अनुरूप कार्रवाई करने और पीड़ितों की शिकायतों को प्राथमिकता देने पर जोर दिया।

साइबर ठगी के आरोपियों की जल्द होगी पतासाजी

साइबर फ्रॉड के मामलों में आरोपियों की शीघ्र पहचान और गिरफ्तारी के लिए तकनीकी साक्ष्यों का प्रभावी उपयोग करने के निर्देश दिए गए। साथ ही पीड़ितों को नियमानुसार राहत दिलाने के लिए त्वरित वैधानिक कार्रवाई करने पर जोर दिया गया।

पुलिस अधिकारियों को साइबर अपराधों की विवेचना में तेजी लाने और उपलब्ध तकनीकी जानकारी के आधार पर आरोपियों तक पहुंचने के लिए आवश्यक कदम उठाने को कहा गया।

चोरी के मामलों में सीसीटीवी फुटेज और वैज्ञानिक साक्ष्यों पर जोर

चोरी के प्रकरणों की समीक्षा करते हुए समय पर वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने, सीसीटीवी फुटेज का विश्लेषण करने और संदिग्धों की पतासाजी कर आरोपियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। पुलिस अधीक्षक ने लंबित मामलों में विवेचना को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाने तथा आवश्यक साक्ष्य और दस्तावेज समय पर जुटाने पर जोर दिया।

महिला संबंधी अपराधों में संवेदनशीलता के साथ कार्रवाई

महिलाओं से संबंधित अपराधों में संवेदनशीलता बरतते हुए तत्काल वैधानिक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। पीड़ितों की शिकायतों को प्राथमिकता से लेते हुए विवेचना निर्धारित समय-सीमा में पूरी करने पर जोर दिया गया, ताकि मामलों का निराकरण अनावश्यक रूप से लंबित न रहे।

लंबित अपराध, चालान और मर्ग प्रकरणों की हुई समीक्षा

क्राइम मीटिंग में लंबित अपराधों, न्यायालय में चालान पेश करने, मर्ग प्रकरणों, शिकायतों, खात्मा-खारिजी और अन्य लंबित वैधानिक कार्यवाहियों की समीक्षा की गई। अधिकारियों को आवश्यक साक्ष्य एवं दस्तावेज जुटाकर निर्धारित समय-सीमा में न्यायालय के समक्ष चालान प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए।

मृत्यु से संबंधित मर्ग प्रकरणों में जांच शीघ्र पूरी करने तथा विसरा और मेडिकल रिपोर्ट समय पर प्राप्त करने के लिए शासकीय चिकित्सकों के साथ समन्वय स्थापित करने पर भी जोर दिया गया। मृत्यु के कारणों से संबंधित आवश्यक जानकारी और रिपोर्ट समय पर उपलब्ध कराने की दिशा में कार्रवाई करने को कहा गया।

गुम इंसानों की तलाश और वारंट तामीली में तेजी लाने के निर्देश

बैठक में गुमशुदा व्यक्तियों की पतासाजी एवं दस्तयाबी के प्रयास तेज करने के निर्देश दिए गए। गिरफ्तारी वारंट और स्थायी वारंट की तामीली के साथ आरोपियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया।

इसके अलावा लंबित छोटे प्रकरणों में नियमानुसार खात्मा अथवा खारिजी की प्रक्रिया पूरी करने और धारा 173(8) एवं 193(9) बीएनएसएस से संबंधित लंबित मामलों में आवश्यक कार्रवाई तेज करने के निर्देश दिए गए।

ट्रक चालकों की जांच से लेकर होटल-ढाबों के सत्यापन तक निगरानी

अपराध नियंत्रण और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने के लिए ट्रक चालकों तथा अन्य संदिग्ध व्यक्तियों की नियमानुसार जांच करने के निर्देश दिए गए। अवैध सामग्री की आवाजाही या संदिग्ध गतिविधियां सामने आने पर नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई करने पर जोर दिया गया।

बैठक में किरायेदारों के सत्यापन, होटल एवं ढाबों की जांच, अवैध अप्रवासियों के सत्यापन और आवश्यक वैधानिक कार्रवाई से जुड़े विषयों की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों को सीसीटीएनएस पोर्टल पर आवश्यक प्रविष्टियां और लंबित कार्य समय पर पूरे करने के निर्देश दिए गए।

सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम और कानून-व्यवस्था पर भी फोकस

जिले में सड़क दुर्घटनाओं की समीक्षा करते हुए यातायात व्यवस्था में सुधार और दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए आवश्यक उपाय करने पर जोर दिया गया। साथ ही लघु अधिनियमों और प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की समीक्षा कर अपराध नियंत्रण के लिए प्रभावी कदम उठाने के निर्देश दिए गए।

पुलिस अधीक्षक किरण गंगाराम चव्हाण के निर्देशन में आयोजित इस बैठक का उद्देश्य जिले में कानून-व्यवस्था मजबूत बनाए रखने, अपराधों की विवेचना प्रभावी करने और लंबित प्रकरणों का समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित करना रहा। बालोद पुलिस ने अपराध नियंत्रण और आम नागरिकों की सुरक्षा के लिए प्रभावी कार्रवाई जारी रखने की प्रतिबद्धता दोहराई।

Post a Comment

0 Comments

Post a Comment (0)
To Top