बैंक से कर्ज लेकर महिलाओं ने दी रकम, महीनों बाद भी न मशीन मिली न पैसे; पूछने पर धमकी देने का आरोप
बालोद/डौंडी। जिले के ग्राम औराटोला में महिला स्वसहायता समूहों को रोजगार का सपना दिखाकर 3 लाख 89 हजार रुपए की कथित ठगी किए जाने का मामला सामने आया है। आरोपी ने महिलाओं को दोना-पत्तल निर्माण की मशीन उपलब्ध कराने और तैयार उत्पाद की बिक्री में मदद करने का भरोसा दिलाया था। रकम लेने के महीनों बाद भी मशीन नहीं मिली और पैसे वापस मांगने पर कथित तौर पर टालमटोल के साथ अभद्र व्यवहार व धमकी देने का आरोप है। मामले में डौंडी पुलिस ने अपराध दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी है।
मशीन और कच्चे माल का दिया था झांसा
शिकायत के अनुसार अक्टूबर 2025 में खल्लारी निवासी खेमेन्द्र सेन ग्राम औराटोला पहुंचा था। उसने महिला स्वसहायता समूहों को दोना-पत्तल निर्माण का व्यवसाय शुरू करने के लिए मशीन उपलब्ध कराने की बात कही। उसने एक मशीन और कच्चे माल की कीमत करीब 1 लाख 13 हजार रुपए बताई तथा तैयार उत्पाद की बिक्री में सहयोग करने का भरोसा भी दिलाया।
आरोपी की बातों पर भरोसा कर जय मां, प्रेरणा और जय बुढ़ादेव स्वसहायता समूह की महिलाओं ने बैंक से ऋण लेकर राशि जुटाने का निर्णय लिया।
बैंक से कर्ज लेकर आरोपी को दी रकम
शिकायत के अनुसार जय मां स्वसहायता समूह ने नर्राटोला स्थित बैंक ऑफ बड़ौदा से 2 दिसंबर 2025 को 3 लाख 39 हजार रुपए का ऋण लिया। इसके बाद तीनों समूहों की महिलाओं ने राशि आपस में बांटकर आरोपी को दे दी।
इसके अलावा ग्राम कामता के अटल महिला समूह की सदस्य हेमिन भुआर्य से भी मशीन उपलब्ध कराने के नाम पर 50 हजार रुपए एडवांस लेने का आरोप है। इस तरह कुल 3 लाख 89 हजार रुपए लेने की बात सामने आई है।
महीनों बाद भी न मशीन मिली, न रकम वापस
महिलाओं का आरोप है कि रकम लेने के बाद कई महीने बीत गए, लेकिन आरोपी ने न तो मशीन उपलब्ध कराई और न ही रकम वापस की। जब महिलाएं मशीन के संबंध में पूछती थीं तो वह टालमटोल करता था। राशि वापस मांगने पर कथित तौर पर अभद्र व्यवहार और धमकी देने का आरोप भी लगाया गया है।
मामले में प्रेरणा स्वसहायता समूह की सदस्य लोकेश्वरी साहू की शिकायत पर डौंडी पुलिस ने आरोपी खेमेन्द्र सेन के खिलाफ धोखाधड़ी का अपराध दर्ज किया है। पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी है।
महिला समूहों ने पुलिस से अपनी रकम वापस दिलाने और आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
