डौंडी/भर्रीटोला। ग्राम पंचायत भर्रीटोला में बालोद जिले के एकमात्र गौधाम का विधिवत शुभारंभ किया गया। राज्य शासन एवं छत्तीसगढ़ गौ सेवा आयोग से पंजीकृत कान्हा गोकुल समिति द्वारा संचालित गौधाम का लोकार्पण जनपद सदस्य एवं महिला एवं बाल विकास विभाग की सभापति मंजू संजय बैस तथा जनपद सदस्य आशा आर्य ने किया।
कार्यक्रम की शुरुआत भगवान श्रीकृष्ण की पूजा-अर्चना और गौ माता की वंदना से हुई। अतिथियों ने फीता काटकर गौधाम का शुभारंभ किया और गौ पूजन कर उनके संरक्षण एवं सेवा का संकल्प लिया।
बताया गया कि गौधाम में जिलेभर की घुमंतू एवं निराश्रित गायों को सुरक्षित आश्रय देकर उनकी देखभाल की जाएगी। इससे सड़क पर भटकने वाले गौवंश को सुरक्षित स्थान मिलने के साथ दुर्घटनाओं की समस्या कम करने में भी मदद मिलने की उम्मीद है।
मुख्य अतिथि मंजू संजय बैस ने कहा कि गौधाम केवल पशुओं के आश्रय का केंद्र नहीं, बल्कि सेवा, संवेदना और संस्कृति का प्रतीक है। उन्होंने समिति और ग्रामीणों को इस पहल के लिए बधाई देते हुए इसके संचालन में जनसहयोग की आवश्यकता बताई।
जनपद सदस्य आशा आर्य ने कहा कि निराश्रित गौवंश की सेवा सभी का नैतिक दायित्व है। भर्रीटोला में शुरू हुआ गौधाम जिले के लिए प्रेरणास्रोत बनेगा।
कार्यक्रम में जिला गौधाम समिति के अध्यक्ष योगेश्वर यादव, पुरुषोत्तम राजपूत, विनोद साहू, नूतन कोठारी, उपसरपंच पोषण धनकर, कान्हा गोकुल समिति अध्यक्ष तुलेश राम मड़ियारे, ग्राम पटेल तुलेश राम मड़ियारे सहित जनप्रतिनिधि, पशु चिकित्सा विभाग के अधिकारी-कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
गौ सेवा और संरक्षण की इस पहल से भर्रीटोला अब जिले में निराश्रित गौवंश के लिए एक महत्वपूर्ण आश्रय स्थल के रूप में पहचान बनाने की ओर बढ़ा है।




