डौंडीलोहारा, 20 सितंबर। मानव सेवा और सामाजिक सरोकार की भावना को आगे बढ़ाते हुए वनांचल क्षेत्र के शासकीय प्राथमिक शाला तुमड़ीकसा में पदस्थ सहायक शिक्षक जितेन्द्र कुमार कोटपरिया ने 11वीं बार स्वैच्छिक रक्तदान कर समाज के सामने सेवा और मानवता की प्रेरणादायक मिसाल पेश की है।
श्री कोटपरिया का कहना है कि रक्त किसी फैक्ट्री में तैयार नहीं किया जा सकता। दुर्घटना, गंभीर बीमारी, ऑपरेशन, प्रसव सहित विभिन्न चिकित्सकीय परिस्थितियों में जरूरतमंद मरीजों को रक्त की आवश्यकता पड़ती है। ऐसे समय में स्वैच्छिक रक्तदाताओं की भूमिका महत्वपूर्ण हो जाती है।
उन्होंने कहा कि रक्तदान केवल रक्त देने का कार्य नहीं, बल्कि जरूरतमंद व्यक्ति के उपचार में अपना योगदान देने का माध्यम है। स्वस्थ और पात्र व्यक्तियों को चिकित्सकीय सलाह एवं निर्धारित मानकों के अनुसार समय-समय पर रक्तदान के लिए आगे आना चाहिए।
लगातार 11वीं बार स्वैच्छिक रक्तदान करने पर उपस्थित लोगों एवं परिचितों ने शिक्षक जितेन्द्र कुमार कोटपरिया के इस सेवाभावी प्रयास की सराहना की। उनके इस नियमित प्रयास को मानव सेवा और सामाजिक जिम्मेदारी की दिशा में प्रेरणादायक पहल के रूप में देखा जा रहा है।

