120 समाजजनों की उपस्थिति में स्वास्थ्य, शिक्षा, आर्थिक आत्मनिर्भरता और सामाजिक एकता पर हुई चर्चा; उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिलाओं का किया गया सम्मान
डौंडीलोहारा। समाज के विकास में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने और महिला सशक्तिकरण को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से 11 अक्टूबर 2026, रविवार को डौंडीलोहारा स्थित मरार पटेल सामाजिक भवन में राज स्तरीय महिला सम्मेलन का आयोजन किया गया। डौंडीलोहारा राज में पहली बार आयोजित इस सम्मेलन में 80 महिलाओं और 40 पुरुषों सहित समाज के कुल 120 सदस्यों ने भाग लिया। कार्यक्रम में महिलाओं के स्वास्थ्य, शिक्षा, आर्थिक आत्मनिर्भरता और सामाजिक सहभागिता जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की गई।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में डौंडीलोहारा राज के अध्यक्ष सियाराम पटेल उपस्थित रहे। विशिष्ट अतिथि के रूप में डौंडीलोहारा राज के महासचिव एवं प्रदेश सलाहकार बेदलाल पटेल तथा राज के सचिव विजय कुमार पटेल शामिल हुए। विशेष वक्ताओं में डॉ. वीणा प्रजापति, डॉ. गिरिजा शंकर प्रजापति और गुंडरदेही तहसील युवा प्रकोष्ठ के अध्यक्ष नीलकंठ पटेल उपस्थित रहे।
डॉ. वीणा प्रजापति और डॉ. गिरिजा शंकर प्रजापति ने महिला सशक्तिकरण के साथ मासिक धर्म के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों, स्वास्थ्य और सुरक्षा से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां दीं। उन्होंने महिलाओं को अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने तथा आवश्यक सावधानियां अपनाने के लिए प्रेरित किया।
नीलकंठ पटेल ने योग, गौसेवा, स्वास्थ्य, कृषि और बेहतर जीवनशैली के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने समूह बनाकर शासन की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ लेने की प्रक्रिया के बारे में भी जानकारी दी।
राज अध्यक्ष सियाराम पटेल ने समाज के विकास में महिलाओं की भागीदारी को महत्वपूर्ण बताते हुए महिला शक्ति की भूमिका पर जोर दिया। महासचिव बेदलाल पटेल ने “यत्र नार्यस्तु पूज्यन्ते रमन्ते तत्र देवताः” श्लोक के माध्यम से नारी सम्मान का संदेश दिया और महिलाओं को समाज में सम्मानजनक स्थान देने तथा उनकी भागीदारी बढ़ाने की आवश्यकता बताई।
सचिव विजय कुमार पटेल ने सनातन धर्म में महिलाओं के महत्वपूर्ण स्थान पर विचार रखे और सम्मेलन के आयोजन की सराहना की। श्रीमती छबिला पटेल ने महिला संगठन को मजबूत बनाने तथा बच्चों को शिक्षित और संस्कारवान बनाने पर जोर दिया। सुश्री कामनी पटेल ने कुलदेवी मां शाकंभरी माता और देश की प्रथम महिला शिक्षिका सावित्रीबाई फुले के जीवन एवं योगदान की जानकारी दी।
श्रीमती दिव्या पटेल ने महिलाओं द्वारा संचालित स्वयं सहायता समूहों और बिहान योजना के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने महिलाओं से इन योजनाओं से जुड़कर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनने का आह्वान किया।
सम्मेलन के दौरान समाज में उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिलाओं को सम्मानित किया गया। साथ ही महिलाओं को सामाजिक गतिविधियों में सक्रिय भूमिका निभाने, संगठन को मजबूत बनाने और आर्थिक एवं शैक्षणिक विकास की दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया गया।
कार्यक्रम का संचालन अश्वनी पटेल ने किया तथा राकेश पटेल ने आभार प्रदर्शन किया। उन्होंने अपनी कविता के माध्यम से समाज को नशापान से दूर रहने और नशामुक्त समाज के निर्माण का संदेश दिया। वहीं ओमप्रकाश पटेल ने महिला सम्मेलन एवं महिला सशक्तिकरण की पहल में योगदान दिया। उन्होंने अपने स्वरचित गीत के माध्यम से समाज के लोगों को समाज की उन्नति के लिए आगे आने का संदेश दिया।
इस अवसर पर संरक्षक नारायण पटेल, सलाहकार दशरथ पटेल, रिखी पटेल, शशि पटेल, ओमप्रकाश पटेल, गोपाल पटेल, श्रीमती दिव्या पटेल, श्रीमती भुनेश्वरी पटेल सहित समाज के अनेक सदस्य उपस्थित रहे।
सम्मेलन के माध्यम से महिला सशक्तिकरण, स्वास्थ्य जागरूकता, शिक्षा, आर्थिक आत्मनिर्भरता और सामाजिक एकता को बढ़ावा देने का संदेश दिया गया।

